हैदराबाद: Microsoft ने Windows 11 को और बेहतर बनाने का बड़ा ऐलान किया है. कंपनी के विंडोज़ और डिवाइसेज़ के EVP पवर दावुलुरी ने विंडोज़ इनसाइडर्स को एक लंबा ब्लॉग पोस्ट लिखकर बताया कि पिछले कुछ महीनों में उन्होंने यूज़र्स की फीडबैक को बहुत ध्यान से सुना है. यूज़र्स विंडोज़ से प्यार करते हैं और इसे और मजबूत, तेज और यूज़र-फ्रेंडली बनाना चाहते हैं. इसी फीडबैक के आधार पर कंपनी ने अब कई अहम बदलाव लाने का फैसला किया है. माइक्रोसॉफ्ट ने विडोज़ के लिए कई खास घोषणाएं की है, जो इस महीने और अप्रैल में विंडोज़ इनसाइडर बिल्ड्स में टेस्ट के लिए आएंगे. ये बदलाव विंडोज़ की क्वालिटी, परफॉर्मेंस और यूज़र एक्सपीरियंस को ऊपर उठाने पर फोकस करते हैं.
टास्कबार में ज्यादा कस्टमाइजेशन का विकल्प
विंडोज़ यूज़र्स की सबसे बड़ी शिकायतों में एक टास्कबार को सिर्फ नीचे रखने की मजबरी थी. अब माइक्रोसॉफ्ट ने इसे ठीक करने का ऐलान कर दिया है. जल्द ही आप टास्कबार को स्क्रीन के ऊपर, बाईं तरफ या दाईं तरफ लेकर जा सकेंगे. इससे वर्कस्पेस को अपनी पसंद के मुताबिक पर्सनलाइज़ करना आसान हो जाएगा. कई सालों से फीडबैक हब में यह फीचर सबसे ऊपर था और कंपनी इसे वापस ला रही है.
कोपायलट को स्मार्ट और जरूरी जगहों पर ही इस्तेमाल
माइक्रोसॉफ्ट ने अब विंडोज़ में कोपायलट को हर जगह ठूंसने की बजाय, सोज-समझकर, सिर्फ जरूरी जगहों पर ही इंटीग्रेट करने का फैसला किया है. कंपनी कह रही है कि एआई को ऐसे फीचर्स में फोकस किया जाएगा, जो सच में उपयोगी हो. शुरुआत में उन जगहों से कोपायलट एंट्री पॉइंट्स को हटाया जा रहा है, जहां इसकी जरूरत नहीं है. जैसे – Snipping Tool, Photos, Widgets और Notepad से कोपायलट बटन या ऑप्शन कम हो जाएंगे. कंपनी का मकसद यूज़र को बेवजह डिस्टर्ब होने से रोकना है और एआई का इस्तेमाल उसी जगह करने का ऑप्शन देने का है, जहां उसकी जरूरत है.
अपडेट्स करने की परेशानी खत्म
विंडोज़ अपडेट्स अक्सर यूज़र्स को किसी काम के बीच में रोक देते हैं या अपने-आप सिस्टम को रीस्टार्ट कर देते हैं, जबकि उस वक्त यूज़र किसी जरूरी काम में व्यस्त होते हैं. इससे कई यूज़र्स को काफी परेशानी होती थी. अब कंपनी यूज़र्स को ज्यादा कंट्रोल दे रही है. डिवाइस सेटअप के दौरान अपडेट्स स्किप करने का ऑप्शन आएगा. रीस्टार्ट या शटडाउन करते वक्त अपडेट इंस्टॉल न करने का चॉइस भी मिलेगा. अपडेट्स को लंबे समय तक पॉज करने की सुविधा भी बढ़ाई जाएगी और ऑटोमैटिक रीस्टार्ट्स और नोटिफिकेशन्स कम होंगे. इससे यूज़र्स को अपडेट्स प्लान करने में आसानी होगी.
फाइल एक्सप्लोरर अब तेज और भरोसेमंद
फाइल एक्सप्लोरर विंडोज का सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला हिस्सा है. कंपनी अब इसे और बेहतर बना रही है. पहला राउंड में लॉन्च तेज होगा, फ्लिकर कम होगा, नेविगेशन स्मूद होगा और डेली-लाइफ के फाइल टास्क में परफॉर्मेंस ज्यादा रिलायबल होगी. यूज़र्स को अब इंतजार नहीं करना पड़ेगा और काम करना आसान हो जाएगा.
विजेट्स और फीड पर ज्यादा कंट्रोल
विंडोज़ के विजेट्स ज्यादा मददगार होंगे न कि डिस्ट्रैक्टिंग. अब डिफॉल्ट सेटिंग्स शांत होंगी, विजेट्स कब और कैसे दिखें, इस पर यूज़र्स को ज्यादा कंट्रोल मिलेगा. डिस्कवर फीड की पर्सनलाइजेशन भी बेहतर होगी ताकि यूज़र को सिर्फ वही कंटेंट दिखे, जो रिलेवेंट हो.
विंडोज इनसाइडर प्रोग्राम आसान और ट्रांसपेरेंट
इनसाइडर प्रोग्राम विंडोज के भविष्य को शेप करने में मदद करता है. अब चैनल्स की डेफिनिशन क्लियर होगी, नए फीचर्स तक आसान पहुंच होगी, बिल्ड्स की क्वालिटी बेहतर होगी, फीडबैक कैसे असर डालता है यह दिखेगा और टीम से डायरेक्ट जुड़ने के ज्यादा मौके मिलेंगे.
फीडबैक हब में बड़ा अपडेट
कंपनी ने अभी से ही इनसाइडर्स को फीडबैक हब का सबसे बड़ा अपडेट देना शुरू कर दिया है. नया डिजाइन तेज और आसान है. फीडबैक सबमिट करना, दूसरों की बातें देखना और कम्युनिटी से जुड़ना सब आसान हो गया है.
कंपनी ने इन बदलावों का ऐलान करते हुए अपने ब्लॉग में कहा है कि ये शुरुआती बदलाव हैं. साल भर में विंडोज 11 की क्वालिटी, परफॉर्मेंस और रिलायबिलिटी पर फोकस रहेगा. कंपनी ने सीटल में इनसाइडर्स से मीटअप भी किया और आगे दुनिया के कई शहरों में ऐसे इवेंट्स प्लान किए हैं. माइक्रोसॉफ्ट का कहना है कि विंडोज उतना ही आपका है जितना हमारा और हम इसे बेहतर बनाने के लिए कमिटेड हैं.
