रूस से कच्चा तेल और प्राकृतिक गैस खरीदने वाले देशों पर अमेरिका में 100 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने की तैयारी से भारत पर भी दबाव बढ़ सकता है। अमेरिकी संसद के निचले सदन हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स ने रूस और ईरान पर कड़े प्रतिबंध लगाने वाले विधेयक को आगे बढ़ाने के लिए मंगलवार को 214-211 के अंतर से प्रक्रियात्मक मंजूरी दे दी। अब विधेयक पर अंतिम मतदान होना है।
इस विधेयक का आधिकारिक नाम ‘लिंडसे ओ. ग्राहम सैंक्शनिंग रशिया एंड ईरान एक्ट ऑफ 2026’ है। सीनेट इसे पहले ही 86-11 के भारी बहुमत से पारित कर चुका है। प्रस्तावित कानून अमेरिकी राष्ट्रपति को रूस से ऊर्जा खरीदने वाले कुछ देशों पर भारी अतिरिक्त टैरिफ लगाने का अधिकार देगा।

