दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत ढहने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पीजी संचालक हरिराम गुप्ता, उनकी पत्नी उर्मिला गुप्ता और बेटे महेश गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया है। हादसे में अब तक सात लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि पांच अन्य घायल हैं। पुलिस के मुताबिक, जांच में शुरुआती जानकारी के विपरीत यह सामने आया है कि परिवार की भूमिका केवल भवन के कागजी स्वामित्व तक सीमित नहीं थी, बल्कि पीजी के संचालन में भी उनकी सक्रिय भागीदारी थी।
पुलिस के अनुसार हरिराम गुप्ता और उनके बेटे महेश गुप्ता पीजी का संचालन करते थे, जबकि भवन के दस्तावेजों में मालिक के तौर पर उर्मिला गुप्ता का नाम दर्ज है। हादसे के बाद तीनों आरोपी गुरुग्राम स्थित अपने घर से फरार हो गए थे। बाद में पुलिस ने उन्हें हरियाणा के भिवाड़ी क्षेत्र से गिरफ्तार किया।

